नेकी की दीवार: अगर कपड़ों की ज़रूरत है तो यहां से ले जाएं, और ज़्यादा है तो दे जाएं

मऊ – मऊ के मिर्ज़हादीपुरा चौक पर ज़रूरतमंद लोगों की मदद के लिए फिर से नेकी की दीवार की शुरुआत की गई है। मऊ के मिर्ज़हादीपुरा आईसीआईसीआई बैंक के निकट शुरू हुई ‘नेकी की दीवार’ के ज़रिए गरीब और बेसहारा लोगों को मुफ्त में ठंड से बचाव के लिए गर्म कपड़े और जूते आदि उपलब्ध कराए जाते हैं।
पिछले साल एमएए फाउंडेशन की तरफ ये शूरूआत की गयी थी जिसको हर तरफ लोगों ने सराहा था
इस बार “रे आफ ह्यूमैनिटी” द्वारा फिर से नेकी की दीवार की शुरुआत की है ताकि जितना हो सके लोगों की मदद की जा सके।
इस नेकी की दीवार का उद्घाटन आर.ए.एफ दावाह सेंटर के डायरेक्टर डॉ नुरूलहसन व मैक्स हास्पिटल के डायरेक्टर डॉ शाहिद जमाल द्वारा संयुक्त रूप से किया गया। इस अवसर पर डॉ नुरूलहसन ने बताया कि सर्दियों का मौसम है, लेकिन बहुत से लोग सड़क किनारे या फुटपाथ पर रहने को मजबूर हैं उनके लिए यह एक बहुत बड़ा जीवनदान है।
डॉ शाहिद जमाल ने रे आफ ह्यूमैनिटी की प्रशंसा करते हुए कहा कि यह एक बहुत ही सराहनीय कदम है यह पहल हर जगह होनी चाहिए ताकि गरीब मजबूरों को गर्म कपड़े आदि आसानी से मिल सकें, इसके लिए किसी के सामने हाथ ना फैलाना पड़े।
रे आफ ह्यूमैनिटी के अध्यक्ष जमाल अख्तर ने कहा कि जिनके पास कोई पुराने कपड़े हैं, जो दूसरों के काम आ सकते हैं वे इन कपड़ों को या अन्य कोई और सामान को जरूरतमंदों के लिए दान कर सकते हैं, यहां लाकर रख दें जिस की जरूरत का होगा वह यहां से ले जाएगा।
उपाध्यक्ष सरफराज़ सिल्को ने कहा कि दीवार का उद्देश्य यही है कि जो समर्थ हैं वे दे जाएं और जो जरूरतमंद हैं वे यहां से ले जाएं। उन्होंने आगे कहा कि यहां जरूरतमंद लोग आते हैं और अपने साइज के हिसाब से कपड़े ले जाते हैं। इस पहल को अच्छा फीडबैक मिल रहा है।
इस अवसर पर विशेष रूप से शहाबुद्दीन इंजीनियर, आकिब फैज़ान, बेलाल अहमद, मोहम्मद दाऊद, कमाल अख्तर, मोहम्मद ज़ैद, शहबाज़ अख्तर लारैब, ज़ाहिद डीके, अहमद मुजतबा एडवोकेट, मोहम्मद मज़हर, शमीम अहमद, यनज़रुन, मंज़र अली, मोहम्मद कमाल आदि उपस्थित रहे।


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